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उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव 2017 में जीतने वाले मुस्लिम विधायकों की सूची

1- महबूब अली /सपा/ अमरोहा
2- अबरार अहमद /सपा/ इसौली
3- मौ रिज़वान /सपा/ कुन्दरकी
4- नाहिद हसन /सपा/ कैराना
5- नफीस अहमद /सपा/ गोपालपुर
6- नसीर खान /सपा/ चमरवा
7- नवाबजान /सपा/ ठाकुरद्वारा
8- तसलीम अहमद /सपा/ नजीबाबाद
9- आलम बदी /सपा/ निज़ामाबाद
10- मौ फहीम /सपा/ बिलारी
11- यासिर शाह /सपा/ मटेरा
12- इकराम कुरेशी /सपा/ मुरादाबाद देहात
13- आज़म खान /सपा/ रामपुर
14- अब्दुल्ला आज़म /सपा/ स्वार
15- मौ रेहान /सपा/ लखनऊ कैंट
16- मौ रमज़ान /सपा/ श्रावस्ती
17- इक़बाल महमूद /सपा/ संभल
18- इरफान सोलंकी /सपा/ सीसामऊ
19- रफीक अंसारी /सपा/ मेरठ
20- सोहेल अखतर /कांग्रेस / कानपुर कैंट
21- मसूद अखतर /कांग्रेस / सहारनपुर देहात
22- असलम चौधरी /बसपा / धौलाना
23- मौ मुजतबा /बसपा / प्रतापपुर
24- मौ असलम /बसपा / भिनगा
25- मुखतार अंसारी /बसपा / मऊ
26- गुड्डू जमाली /बसपा / मुबारक पुर
27- सय्यदा खातून /बसपा / डुमरिया गंज

Note /- सपा-19,  कांग्रेस-2,  बसपा-6

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सीतामढ़ी महादेवपट्टी गाँव में हुए गैस लीक काण्ड में झुलसे एक और जख्मी मुकेश पासवान की मौत/मृतक और पीड़ित परिवार को मदद नही

मोहम्मद दुलारे
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परिहार(सीतामढ़ी)।महादेवपट्टी गाँवमें हुए गैस लीक काण्ड में झुलसे एक और जख्मी मुकेश पासवान की मौत शनिवार को एसकेएमसीएच मुजफ्फरपुर में हो गई। इस प्रकार इस घटना में अब तक मरने वालों की संख्या 3 हो गई है। मुकेश से पहले 31 अक्टूबर की रात रामप्रवेश पटेल और 3 नवंबर को मुकेश की 3 वर्षीया भतीजी राधा की मौत भी इलाज के दौरान एसकेएमसीएच में हो गई थी। यहाँ बता दें कि छठ पूजा से एक दिन पूर्व 25 अक्टूबर की रात महादेव पट्टी के मुकेश पासवान के घर में खाना गरम करने के दौरान पहले से लीक गैस में अचानक आग लग गया था। इस घटना में मुकेश सहित परिवार के 11 लोगों के अलावा पड़ोसी रामप्रवेश पटेल भी झुलसकर गंभीर रुप से जख्मी हो गए थे। घायलों को ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों की मदद से स्थानीय पीएचसी परिहार में भर्ती कराया गया था,बाद में सभी घायलों को एसकेएमसीएच मुजफ्फरपुर रेफर कर दिया गया था। जिनमें से अब तक 3 लोगों की मौत हो चुकी है। इस घटना से गाँव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।तीन मौत के बाद टूटा भरोसा ः एसकेएमसीएच में एक-एक कर 3 घायलों की मौत के बाद  परिजनों का सब्र जवाब दे गया है। परिजनो…

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सोचने वाली बात ये है कि जब सरकार तालिमी मरकज़ और उत्थान केंन्द्र के कर्मी को निविदा कर्मी और नियोजित मानने को तैयार नही -------
ऐसे हालात में हमारे तालिमी मरकज़ के साथी ये भ्रम पाले हुए हैं कि सरकार निश्चय यात्रा के खात्मा पर तश्त में पेश कर बहुत बड़ी चीज पेश करने जा रही है इस लिए सरकार के सामने सांकेतिक तौर पर भी बैठक कर अपनी कोई माँग न रखें। और तरह तरह के मिसाल पेश कर डराया जा रहा है जो ग़ैर मुनासिब है।
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