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Showing posts from September, 2016

संवेदना का ह्रास

महजबीं
----------निचले तबक़े के आदमियों से दूर होती संवेदना बहुत चिंता का विषय है, दो तीन दिनों से झारखंड के एक सरकारी अस्पताल में, मरीज़ को फर्श पर भोजन परोसने जैसी संवेदनशील ख़बर, चर्चा में बहस का विषय है। कौन कौन दोषी हो सकते हैं, इस घटना को अंजाम देने के लिए? सत्ता, पूंजीपति, व्यवस्था, अस्पताल की ऐडमिनिस्ट्रेटिव डिपार्टमेंट, इस घटना में सिर्फ आसमान में उड़ने वाले ही नहीं शामिल हैं, बल्कि ज़मीन से जुड़े लोग भी शामिल हैं, हम उन्हें अनदेखा कैसे कर सकते हैं? खाना परोसने वाला कोई पूंजीपति या राजनीतिज्ञ नहीं था, एक अदना सा कर्मचारी है, अस्पताल में डी ग्रेड कर्मचारियों की तनख़्वाह होती ही कितनी है, बुनियादी सुविधाओं को पूरा करने मात्र ।  मतलब कि अस्पताल में जिस व्यक्ति ने निर्मम घटना को अंजाम दिया, वो एक आम आदमी है। बहुत भयावह स्थिति है, एक आम आदमी के भीतर से संवेदना, जिम्मेदारी का नष्ट हो जाना। फिर कटघरे में सिर्फ सत्तापक्ष और पूंजीवादी व्यवस्था ही क्यों?साहित्यकार, लेखक, पत्रकार, अक्सर अपनी रचनाओं के माध्यम से,  समाज के उच्चवर्गीय, मध्यवर्गीय लोगों में, संवेदनाओं के नष्ट होने की दुहाई …

खबर का असर परिहार में अतिक्रमण मुक्त अभियान जारी

परिहार  (सीतामढी )।dailychingari ने दिनांक 19/09/2016 को "बस से कुचल कर 06 वर्षीयबच्चे की मौत " शीर्षक से खबर प्रकाशित किया था जिसमें घटना के पीछे सड़कों का अतिक्रमण को मुख्य कारण माना था प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया और परिहार की सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने का अभियान शुरू कर दिया है देखना अब यह है कि प्रशासन इसे कितनी तत्परता से लेती है। ज्ञात हो कि सड़कों के अतिक्रमण और जर्जर सड़क के कारण पूर्व में भी हाईस्कूल के समीप ट्रक से कुचल कर इंदरवा निवासी एक नौजवान की मौत घटना स्थल पर ही हो गईं थी अगर उस समय घटना को गंभीरता से ले लिया जाता तो घटना की पुनः पूर्णावृति नहीं होती और एक जान काल के गाल में जाने से बच जाता ।

बस से कुचल कर 10 वर्षीय बच्चे की मौत

परिहार  (सीतामढी )।बस से कुचल कर 10 वर्षीय बालक की मौत घटना स्थल पर ही हो गई।घटना  परिहार चौक से सटे ट्रांस्फ़र्मर के निकट की है मृतक परिहार निवासी तेज नारायण सिंह का पौत्र है।मृतक शुभम कुमार अजय कुमार सिंह का पुत्र है
                घटना को लेकर आक्रोशित लोगों ने परिहार को पुरी तरह बंद कर दिया है।साथ ही घटना के विरोध में टायर जला कर मुख्य मार्ग को बंद कर दिया ।परिहार में अक्सर दुर्घटनाओं में मृत्यु होती रहती है मगर शासन प्रशासन सचेत नही हो रही है जो चिंता का विषय है दुर्घटनाओं के पीछे एक अहम कारण सड़कों का अतिक्रमणकारिओ के द्वारा सड़कों का अतिक्रमण है।

प्रखणड शिक्षा पदाधिकारी परिहार के तुगलकी फरमान से नवोदय विद्यालय परीक्षा का आवेदन जमा कराना हुआ दुशवार

परिहार  (सीतामढी ) प्रखणड शिक्षा पदाधिकारी परिहार के तुगलकी फरमान से नवोदय विद्यालय परीक्षा का आवेदन जमा कराना  दुशवार हो गया है।
           परीक्षा फार्म प्रखणड शिक्षा पदाधिकारी के पास जमा कराने की आखिरी तिथि 16/09/16 है बीईओ ने तुगलकी परमानंद जारी कर रखा है कि आवेदन प्रधानाध्यापक नामांकन पंजी लेकर आएंगे तभी जमा किया जाएगा जबकि आवेदन में निर्देश है कि आवेदक प्रधान से दस्तखत करा कर आवेदन प्रखणड शिक्षा पदाधिकारी के पास जमा करा पावती ले लेंगे ।

बेलसंड प्रखणड कमिटी का गठन

परिवर्तनकारी प्रारम्भिक शिक्षक संघ सीतामढ़ी की ओर से बेलसंड प्रखंड के उत्क्रमित उच्च विधालय  में प्रखंड कमिटी का गठन किया गया । जिसकी अध्यक्षता जिला सचिव  सह प्रधानाध्यापक शशि रंजन ने की । बैठक को प्रदेश संयुक्त सचिव राम कलेवर , जिला अध्यक्ष पवन कुमार , जिला महासचिव शशि रंजन सुमन , कोषाध्यक्ष राजेश कुमार , उपाध्यक्ष विनोद यादव व सजंय कुमार , सचिव मो . अकील संयुक्त सचिव राकेश पासवान , प्रवक्ता मो. नजीवुल्लाह ने सम्बोधित किया ।
      बैठक में शशि रंजन को जिला सचिव तथा पूर्व अध्यक्ष सजंय राय को अनुमण्डल सचिव बनाया गया । वही प्रखंड अध्यक्ष सुबोध कुमार , महासचिव दिनेश कुमार , संयोजक हेमंत कुमार , सह संयोजक अभय कुमार , प्रवक्ता रितेश कुमार व मो. जफिर आलम , उपाध्यक्ष दया शंकर सिंह व वरुण कुमार सिंह , सचिव मो. अंजिमुद्दीन राइन व नरेंद्र कुमार , संयुक्त सचिव राम प्रवेश राम , सह कोषाध्यक्ष दीपक कुमार सिंह को बनाया गया ।
               इस अवसर पर उपस्थित सभी सदस्यों ने नगर पंचायत प्रारम्भिक शिक्षक संघ की सदस्यता को छोड़ कर परिवर्तनकारी प्रारम्भिक शिक्षक संघ की सदस्यता ग्रहण की ।

सर्वपल्ली राधाकृष्णन

भारत के दूसरे राष्ट्रपति
कार्यकाल
१३ मई, १९६२ – १३ मई, १९६७
प्रधान  मंत्री गुलजारी लाल नंदा (प्रथम कार्यावधि)
लाल बहादुर शास्त्री
गुलजारीलाल नंदा (द्वितीय कार्यावधि)
उपराष्ट्रपति डॉ॰ ज़ाकिर हुसैन
पूर्व अधिकारी राजेंद्र प्रसाद
उत्तराधिकारी डॉ॰ ज़ाकिर हुसैन
प्रथम भारत के उपराष्ट्रपति
कार्यकाल
१३ मई, १९५२ – १२ मई, १९६२
राष्ट्रपति राजेन्द्र प्रसाद
पूर्व अधिकारी कार्यालय आरम्भ
उत्तराधिकारी डॉ॰ ज़ाकिर हुसैन
जन्म ५ सितम्बर १८८८
तिरुट्टनी, तमिल नाडु, भारत
मृत्यु १७ अप्रैल १९७५ (आयु: ८८ वर्ष)
चेन्नई, तमिल नाडु, भारत
राजनैतिक पार्टी स्वतन्त्र
जीवन संगी शिवकामु
संतान ५ पुत्रियाँ एवं १ पुत्र
व्यवसाय राजनीतिज्ञ, दार्शनिक, शिक्षाविद, विचारक
धर्म हिन्दू
डॉ॰ सर्वपल्ली राधाकृष्णन (तमिल: சர்வபள்ளி ராதாகிருஷ்ணன்; ५ सितम्बर १८८८ – १७ अप्रैल १९७५) भारत के प्रथम उप-राष्ट्रपति (१९५२ - १९६२) और द्वितीय राष्ट्रपति रहे। वे भारतीय संस्कृति के संवाहक, प्रख्यात शिक्षाविद, महान दार्शनिक और एक आस्थावान हिन्दू विचारक थे। उनके इन्हीं गुणों के कारण सन् १९५४ में भारत सरकार ने उन्हें सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न से अलंकृत …